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विशाखा नक्षत्र · Vishakha
विशाखा 27 नक्षत्रों में १६वाँ नक्षत्र है, तुला २०°००′ – वृश्चिक ३°२०′ तक फैला हुआ। इसका स्वामी बृहस्पति (गुरु) है — इस नक्षत्र में चंद्रमा के साथ जन्मे व्यक्ति का जीवन बृहस्पति (गुरु) की महादशा से शुरू होता है। गण राक्षस, नाड़ी अन्त्य और योनि व्याघ्र (बाघ) — कुंडली मिलान में मिलाई जाने वाली तीन बातें। चारों चरणों के नामाक्षर: ती, तू, ते, तो।
- अंश
- तुला २०°००′ – वृश्चिक ३°२०′
- स्वामी
- बृहस्पति (गुरु)
- गण
- राक्षस
- नाड़ी
- अन्त्य
- योनि
- व्याघ्र (बाघ)
चार चरण
| चरण | राशि | नवांश | नामाक्षर | वर्ण | तत्त्व |
|---|---|---|---|---|---|
| १ | तुला | मेष | ती | शूद्र | वायु (तत्व) |
| २ | तुला | वृषभ | तू | शूद्र | वायु (तत्व) |
| ३ | तुला | मिथुन | ते | शूद्र | वायु (तत्व) |
| ४ | वृश्चिक | कर्क | तो | ब्राह्मण | जल (तत्व) |
आपका जन्म नक्षत्र कौन सा है?